जिले में नशे के खिलाफ युद्धस्तर पर अभियान चला रहे महाशक्ति चैरिटेबल ट्रस्ट द्वारा गांव अयाल्की में एक संकल्प-नशे के खिलाफ यात्रा निकाली गई। इस यात्रा के दौरान ट्रस्ट की टीम ने गांव के घर-घर जाकर परिवार के लोगों से बातचीत की। परिवार में कितने लोग नशा करते हैं, इसका फीडबैक लिया गया वहीं ग्रामीणों को नशा न करने का संकल्प भी करवाया गया। ट्रस्ट के संस्थापक भवानी सिंह ने चिंताजनक आंकड़े प्रस्तुत करते हुए खुलासा किया कि ट्रस्ट टीम द्वारा किए गए सर्वे में पाया गया कि इस गांव में नशे के कारण अब तक 27 युवाओं की मौत हो चुकी है वहीं 117 युवा नशे से ग्रस्त पाए गए। यह युवा शराब, नशीली गोलियों, चिट्टे आदि का नशा करते हैं। भवानी सिंह के अनुसार इन युवाओं की काउंसलिंग कर इन युवाओं को नशा छोडऩे के लिए जागरूक किया जाएगा। इन्हें नशामुक्ति केन्द्र में भर्ती करवाकर ट्रस्ट द्वारा इनका उपचार करवाया जाएगा ताकि युवा पीढ़ी को उजडऩे से बचाया जा सके।गांव अयाल्की में संकल्प यात्रा का नेतृत्व कर रहे भवानी सिंह ने बताया कि इस यात्रा का मुख्य उद्देश्य युवाओं को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति सचेत करना और ग्रामीणों को एक स्वस्थ जीवन शैली अपनाने के लिए प्रेरित करना था। ट्रस्ट की टीम ने गांव के प्रत्येक घर में जाकर युवाओं को जागरूक किया और ग्रामीणों को संकल्प दिलाया कि वे स्वयं किसी भी प्रकार के नशे (शराब, धूम्रपान, ड्रग्स आदि) का सेवन नहीं करेंगे। अपने परिवार और पड़ोस को नशे से दूर रखने का प्रयास करेंगे। गांव में अवैध नशा बेचने वालों की सूचना प्रशासन को देंगे। भवानी सिंह ने कहा कि नशा केवल एक व्यक्ति को नहीं, बल्कि पूरे परिवार को बर्बाद कर देता है। ट्रस्ट टीम ने युवाओं से खेलों से जुडऩे का आह्वान करते हुए कहा कि ट्रस्ट द्वारा गांव में चार एकड़ में खेल ग्राऊंड तैयार किया गया है, जहां युवाओं के लिए कोच, खेल का सामान व अन्य सुविधाएं उपलब्ध करवाई गई हैं। ट्रस्ट का प्रयास है कि युवा खेलों से जुडक़र नशे से दूर रहे और समाज और देश के विकास में अपना योगदान दे। इस अवसर पर गुरदीप अयाल्की, रोशन कुमार, विश्वमित्र, जगसीर, अमन राघव, पारस सिंगला, शर्मा चंद लाली, प्रवेश सिंगला, कर्ण मित्तल, अमन इन्दाछोई, नीलू ठाकुर, रजत कांडा, शांति पूनियां, रामनिवास पूनिया, राजेश राईका, सुमीर अहरवां, सुरेश कुमार, चरणजीत, जग्गा सिंह, प्रमोद अहलीसदर, विक्की हिजरावां, अशोक कंबोज, कृष्ण पर्चा, रमेश कुमार आदि मौजूद रहे।
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चुनाव कौन कहां से चुनाव लड़ेगा समय आने पर उसका निर्णय पार्टी करेगी : सुनैना चौटाला
कहा : पार्टी के निर्णय पर ही फतेहाबाद से पिछला विधानसभा चुनाव पूरी ताकत के साथ लड़ा था, फिलहाल फतेहाबाद विधानसभा में वे पूरी तरह सक्रिय हैंफतेहाबाद।इंडियन नेशनल लोकदल की प्रदेश महिला प्रभारी सुनैना चौटाला ने कहा कि प्रदेश में आज के दिन इनेलो का ग्रॉफ सबसे ऊपर है। प्रतिदिन बड़ी तादाद में लोग दूसरे दलों को छोडक़र इनेलो में शामिल हो रहे हैं। इनेलो के राष्ट्रीय अध्यक्ष चौधरी अभय सिंह चौटाला की बढ़ती लोकप्रियता के कारण आने वाले समय में भी इनेलो में बड़े कद के नेता शामिल होंगे। पूर्व मंत्री चौधरी संपत सिंह, पूर्व मंत्री वासुदेव शर्मा और पूर्व विधायक भरत सिंह छोकर जैसे दिगज नेताओं के इनेलो में शामिल होने पर पार्टी को बड़ी ताकत मिली है। सुनैना चौटाला ने कहा कि चुनाव कौन कहां से चुनाव लड़ेगा, समय आने पर उसका निर्णय पार्टी करेगी और फिलहाल वे फतेहाबाद में पूरी तरह से सक्रिय हैं। उन्होंने पार्टी के निर्णय पर ही फतेहाबाद से पिछला विधानसभा चुनाव पूरी ताकत के साथ लड़ा था और आगे भी पार्टी जो भी निर्णय करेगी वे उसका पूरे तन मन और धन से निर्वाह करेंगी। सुनैना चौटाला ने कहा कि हमारे सभी नेता किसी भी विधानसभा क्षेत्र से चुनाव लडऩे में पूरी तरह से सक्षम हैं। आज प्रदेश की जनता का रुझान चौधरी अभय सिंह चौटाला की तरफ है और बड़े उत्साह से आने वाले विधानसभा चुनावों की बाट देख रहे हैं। जब प्रदेश में इनेलो की सरकार बनेगी और चौधरी अभय सिंह चौटाला प्रदेश के मुख्यमंत्री बनेंगे। उन्होंने कहा कि अभय सिंह चौटाला एक बड़े विजन को लेकर आगे बढ़ रहे हैं और मुख्यमंत्री बनने के बाद प्रदेश की जनता से जो भी वादे करेंगे उनको पूरा करेंगे।
निराश्रित बच्चों को दी जा रही है प्रति माह 2100 रुपये की वित्तीय सहायता : डीसी
फतेहाबाद, 29 दिसंबर। डीसी डॉ. विवेक भारती ने बताया कि जिला में 21 वर्ष तक की आयु का बच्चा जो अपने माता-पिता की सहायता अथवा देखभाल से उनकी मृत्यु होने के कारण, अपने पिता के घर से पिछले 2 वर्ष की अवधि से अनुपस्थित होने के कारण अथवा माता-पिता के लम्बी सजा, जोकि एक वर्ष से कम न हो या मानसिक व शारीरिक अक्षमता के कारण वंचित हो जाते हैं और जिनके माता-पिता, अभिभावक की सभी साधनों से वार्षिक आय दो लाख से अधिक नहीं है। वह बच्चा हरियाणा सरकार के सामाजिक न्याय एवं सहकारिता विभाग द्वारा दी जा रही वित्तीय सहायता का लाभ पात्र है। उन्होंने बताया कि उपरोक्त विभाग द्वारा एक परिवार में दो बच्चों तक 2100 रुपये प्रति माह प्रति बच्चा पेंशन प्रदान की जा रही है। डीसी ने बताया कि उपरोक्त स्कीम का लाभ लेने के इच्छुक व्यक्ति के पास बेसहारा होने का प्रमाण पत्र, बच्चों के स्वास्थ्य विभाग द्वारा जारी जन्म प्रमाण पत्र व आवेदक का 5 वर्ष या उससे अधिक की अवधि का हरियाणा राज्य में निवासी होने का दस्तावेज जैसे कि फोटोयुक्त वोटर कार्ड या राशन कार्ड आदि की स्वयं सत्यापित फोटोप्रति सहित परिवार पहचान पत्र होना आवश्यक है। उन्होंने बताया कि आवेदक के पास यदि उपरोक्त दस्तावेजों में से कोई दस्तावेज नहीं है तो वह कोई अन्य प्रमाण पत्र सहित 5 वर्ष से हरियाणा में रिहायश का हलफनामा दे सकता है। उन्होंने कहा कि यदि बच्चे के माता-पिता या अभिभावक किसी भी सरकार द्वारा पारिवारिक पेंशन प्राप्त कर रहा है वो उपरोक्त स्कीम का लाभ नहीं ले पाएंगे। स्कीम का लाभ लेने के इच्छुक प्रार्थी अपने नजदीकी अंत्योदय सरल केंद्र, अटल सेवा केंद्र सहित सीएससी केंद्र पर आवेदन कर सकते हैं।
नए साल पर साइबर ठग फिर सक्रिय, एक क्लिक से खाली हो सकता है बैंक अकाउंट*– शुभकामना और ऑफर संदेश की आड़ में फैल रहा खतरनाक APK स्कैम, पुलिस की सख्त चेतावनी
फतेहाबाद, 26 दिसंबर। पुलिस अधीक्षक श्री सिद्धांत जैन, आईपीएस ने नए साल 2026 के मौके पर आमजन को साइबर ठगों से सतर्क रहने की अपील की है। उन्होंने बताया कि हाल ही में साइबर अपराधियों ने नए-नए तरीकों से ऑनलाइन फ्रॉड फैलाना तेज़ कर दिया है और उनका निशाना सीधे नागरिकों के बैंक अकाउंट और व्यक्तिगत डेटा पर है।पुलिस अधीक्षक ने बताया कि अपराधी व्हाट्सएप, फेसबुक, इंस्टाग्राम और SMS के माध्यम से “नए साल की शुभकामनाएं भेजने के लिए क्लिक करें” या “विशेष ऑफर पाने के लिए यहां क्लिक करें” जैसे आकर्षक संदेश भेज रहे हैं। इन लिंक पर क्लिक करते ही मोबाइल में खतरनाक APK फाइल डाउनलोड हो जाती है। यह दिखने में सामान्य ऐप जैसी होती है, लेकिन वास्तव में यह मालवेयर है।एक बार मोबाइल में इंस्टॉल होने पर अपराधी फोन का पूरा नियंत्रण हासिल कर लेते हैं। इससे आधार, पैन कार्ड, फोटो-वीडियो, कॉल डिटेल्स, संपर्क सूची और बैंकिंग जानकारी तक पहुंच संभव हो जाती है। बैंकिंग जानकारी या OTP चोरी होने पर अकाउंट से पैसे तुरंत निकाल लिए जाते हैं।पुलिस अधीक्षक ने आमजन से अपील की है:
मॉडल के0 एम0 विद्यालय टोहाना के एनएसएस स्वयंसेवकों को सिखाए साइबर सुरक्षा के गुर एएसआई सुनीता ने दी महत्वपूर्ण जानकारी।
मॉडल के0 एम0 विद्यालय टोहाना में चल रहे सात दिवसीय एनएसएस शिविर के चैथे दिन शुक्रवार को स्वयंसेवकों को विशेष शिविर के दौरान डिजिटल दुनिया के खतरों से अवगत करने के लिए एक विशेष जागरूकता सत्र का आयोजन किया गया। इस सत्र में मुख्य वक्ता के रूप में फतेहाबाद पुलिस विभाग से एएसआई सुनीता ,कुलदीप सिंह व पवन उपस्थित रहें। उन्होंने स्वयंसेवकों को वर्तमान समय में बढ़ते साइबर अपराधों और उनसे बचाव के तरीकों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। सोशल मीडिया सुरक्षा एएसआई सुनीता ने बताया कि अपनी निजी जानकारी, फोटो और लोकेशन को सोशल मीडिया पर सार्वजनिक करने से कैसे अपराधी इसका फायदा उठा सकते हैं। उन्होंने प्राइवेसी सेटिंग्स को मजबूत रखने पर जोर दिया। बैंकिंग और ओटीपी फ्रॉड से संम्बिधत उन्होंने आग्रह किया कि किसी भी अनजान व्यक्ति को अपना ओटीपी पिन या पासवर्ड साझा न करें। बैंक कभी भी फोन पर ऐसी जानकारी नहीं मांगते। संदिग्ध लिंक से बचाव हेतू उन्होंने बताया कि लुभावने ऑफर्स या लॉटरी के नाम पर आने वाले लिंक पर क्लिक करना खतरनाक हो सकता है। इससे मोबाइल या कंप्यूटर हैक होने का खतरा रहता है। साइबर रिपोर्टिंग में विद्यार्थियों को बताया गया कि यदि वे साइबर या किसी ऑनलाइन प्रताड़ना का शिकार होते हैं, तो डरे नहीं। इसकी शिकायत तुरंत Cyber Crime Helpline Number 1930 या आधिकारिक वेबसाइट पर करें। कार्यक्रम के अंत में एनएसएस स्वयंसेवकों ने अपनी जिज्ञासाएं शांत कीं और एएसआई सुनीता से सवाल पूछे। उन्होंने युवाओं से अपील की कि वे न केवल स्वयं जागरूक बनें, बल्कि समाज के अन्य वर्गों, विशेषकर बुजुर्गों को भी साइबर सुरक्षा के प्रति शिक्षित करें। इस अवसर पर एनएसएस कार्यक्रम अधिकारी व प्रिंसिपल रणधीर पूनियां, ए0एन0 बहुगुणा, तरसेम कुमार, संदीप पूनिया, सतपाल नैन, अमन पूनिया, नीति मेहता, अनिल, धर्मवीर सिंह और विद्यालय का स्टाफ मौजूद रहा, जिन्होंने इस ज्ञानवर्धक सत्र के लिए एएसआई सुनीता कुलदीप सिंह का आभार व्यक्त किया।
ऋग्वेदा इंटरनेशनल स्कूल, टोहाना में साइबर सुरक्षा एवं हार्मोनल बदलावों पर काउंसलिंग सत्र का हुआ आयोजनदमकोरा रोड स्थित ऋग्वेदा इंटरनेशनल स्कूल, टोहाना में कक्षा चौथी एवं पाँचवीं के विद्यार्थियों के लिए एक विशेष एवं ज्ञानवर्धक काउंसलिंग सत्र का आयोजन किया गया
इस सत्र का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों को मोबाइल फोन के सुरक्षित एवं जिम्मेदार उपयोग, साइबर सुरक्षा तथा ऑनलाइन माध्यमों से जुड़ी संभावित चुनौतियों के प्रति जागरूक करना रहा। विशेषज्ञों द्वारा बच्चों को इंटरनेट के सुरक्षित प्रयोग, अनजान लिंक से बचाव एवं व्यक्तिगत जानकारी की सुरक्षा के विषय में विस्तार से जानकारी दी गई। काउंसलिंग सत्र के दौरान विद्यार्थियों को उनके आयु-अनुसार होने वाले हार्मोनल परिवर्तनों के बारे में भी सरल, सकारात्मक एवं सहज भाषा में समझाया गया, जिससे बच्चे अपने शारीरिक एवं मानसिक बदलावों को बेहतर ढंग से समझ सकें और आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ सकें। इस अवसर पर विद्यालय के प्रधानाचार्य राजन दूबे जी ने कहा कि वर्तमान डिजिटल युग में बच्चों को तकनीक के सही उपयोग के साथ-साथ साइबर सुरक्षा की जानकारी देना अत्यंत आवश्यक है, ताकि वे सुरक्षित, जागरूक एवं अनुशासित नागरिक बन सकें। विद्यालय के चेयरमैन प्रदीप कुमार मडिया जी ने भी कहा कि ऋग्वेदा इंटरनेशनल स्कूल सदैव विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए ऐसे जागरूक कार्यक्रमों का आयोजन करता रहता है, जिससे बच्चों का शैक्षणिक, मानसिक एवं नैतिक विकास सुनिश्चित हो सके।
आज रेयॉन कॉन्वेंट स्कूल में शहीद सप्ताह के अवसर पर 5वींकक्षा के छात्रों के लिए मूल मंत्र उच्चारण प्रतियोगिता का आयोजन किया गया।
इस प्रतियोगिता में छात्रों ने बहुत ही शानदार प्रदर्शन किया और अपनी प्रतिभा का जौहर दिखाया। शहीद सप्ताह के तहत आयोजित इस प्रतियोगिता में छात्रों ने मूल मंत्र के उच्चारण को सटीकता से प्रस्तुत किया और निर्णायकों को प्रभावित किया। छात्रों ने अपनी आवाज की उतार-चढ़ाव और भावपूर्ण अभिव्यक्ति से सभी का दिल जीत लिया। इस प्रतियोगिता का उद्देश्य छात्रों को शहीदों के प्रति सम्मान और उनके बलिदान को याद करना था। छात्रों ने इस अवसर पर शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की और उनके आदर्शों को अपनाने का संकल्प लिया। स्कूल के प्रबंधक प्रदीप मड़िया ने छात्रों को बताया की मूल मंत्र वह पहला मंत्र है जो गुरु द्वारा शिष्य को दीक्षा देते समय दिया जाता है। यह मंत्र व्यक्ति को आत्म- साक्षात्कार और मोक्ष की ओर ले जाने में मदद करता है। सिख धर्म में, मूल मंत्र को बहुत महत्वपूर्ण माना जाता है, और यह अक्सर गुरुओं द्वारा अपने शिष्यों को दिया जाता है। मूल मंत्र का जाप करने से व्यक्ति को शांति, सुख, और आत्म-ज्ञान प्राप्त होता है।
हिंदू राष्ट्र की मांग, बांग्लादेश में अत्याचारों पर कड़ा संदेश और भारत में लोकतांत्रिक अभियान की आवश्यकता
हाल के समय में बांग्लादेश में हिंदू समुदाय पर हो रहे अत्याचारों ने पूरे क्षेत्र की अंतरात्मा को झकझोर दिया है। निर्दोष नागरिकों पर हिंसा, भय और असुरक्षा का माहौल किसी भी सभ्य समाज के लिए अस्वीकार्य है। भारत, जिसकी सभ्यता सहिष्णुता और मानवता पर आधारित है, ऐसे कृत्यों को कतई बर्दाश्त नहीं कर सकता—न तो नैतिक रूप से, न ही कूटनीतिक रूप से।हम यह स्पष्ट करना चाहते हैं कि भारत में हिंदू राष्ट्र की मांग नफरत या बहिष्कार की नहीं, बल्कि सांस्कृतिक संरक्षण, सभ्यतागत पहचान और संवैधानिक मूल्यों की दृढ़ता की मांग है। हिंदू दर्शन का मूल—वसुधैव कुटुम्बकम—सबके सम्मान और सहअस्तित्व की बात करता है। इसी मूलभाव के साथ, हिंदू राष्ट्र की अवधारणा भारत की प्राचीन सांस्कृतिक निरंतरता, परंपराओं और नैतिक ढांचे को सुदृढ़ करने का आह्वान है।हम भारत सरकार से निम्नलिखित मांगें रखते हैं:बांग्लादेश में हिंदुओं पर हो रहे अत्याचारों पर सख्त और स्पष्ट कूटनीतिक रुख अपनाया जाए तथा अंतरराष्ट्रीय मंचों पर यह मुद्दा प्रभावी ढंग से उठाया जाए। भारत में लोकतांत्रिक, अहिंसक और संवैधानिक अभियान चलाकर हिंदू सभ्यता, संस्कृति और अधिकारों के संरक्षण पर राष्ट्रीय विमर्श को मजबूती दी जाए।सीमा-पार मानवाधिकार उल्लंघनों पर अंतरराष्ट्रीय दबाव तंत्र सक्रिय किया जाए और पीड़ितों के लिए न्याय की मांग की जाए।देश के भीतर सांस्कृतिक विरासत, शिक्षा और सामाजिक समरसता को सशक्त करने वाली नीतियों को प्राथमिकता दी जाए। यह अभियान किसी समुदाय के विरुद्ध नहीं, बल्कि भारत की सभ्यतागत आत्मा की रक्षा के लिए है। हिंदू राष्ट्र की आवश्यकता इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि यह भारत की बहुसंख्यक सांस्कृतिक पहचान को सम्मान देता हुआ सभी नागरिकों के अधिकारों की समान रक्षा सुनिश्चित करता है।हम दो टूक शब्दों में कहते हैं—धर्म के नाम पर अत्याचार स्वीकार्य नहीं। भारत को न केवल अपने नागरिकों की भावनाओं का सम्मान करना चाहिए, बल्कि पड़ोस में हो रहे अन्याय के विरुद्ध नैतिक नेतृत्व भी दिखाना चाहिए। न्याय, सुरक्षा और सांस्कृतिक सम्मान—यही भारत की शक्ति है, यही हमारी मांग है।
BOSCON 2025: डॉ. राजन गुप्ता और डॉ. सुनीता गुप्ता ने ‘नेशनल गेस्ट फैकल्टी’ के रूप में साझा की विशेषज्ञता
मधुमेह रोगियों में मोतियाबिंद सर्जरी और प्रबंधन पर दिया विशेष व्याख्यानपटना में आयोजित बिहार ऑप्तेल्मोलॉजिकल सोसाइटी के 63वें वार्षिक सम्मेलन (BOSCON 2025) में राजन आई, हार्ट एंड लेजर सेंटर के वरिष्ठ नेत्र रोग विशेषज्ञों ने राष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बनाई। सम्मेलन के प्रतिष्ठित ‘एक्सपर्ट कॉर्नर’ (Expert Corner) सत्र में डॉ. राजन गुप्ता और डॉ. सुनीता गुप्ता को बतौर ‘नेशनल गेस्ट फैकल्टी’ (National Guest Faculty) आमंत्रित किया गया। 14 दिसंबर को हॉल-बी (कौटिल्य) में आयोजित इस वैज्ञानिक सत्र में देश भर के नामचीन डॉक्टरों ने हिस्सा लिया। इस दौरान डॉ. राजन गुप्ता और डॉ. सुनीता गुप्ता ने मधुमेह (Diabetes) और नेत्र शल्य चिकित्सा (Eye Surgery) के जटिल संबंधों पर अपने शोध और अनुभव साझा किए। तकनीकी सत्र की मुख्य बातें: डॉ. राजन गुप्ता ने “मधुमेह रोगियों में मोतियाबिंद सर्जरी” (Cataract Surgery in Diabetic Patients) विषय पर सत्र को संबोधित किया। अपने व्याख्यान में उन्होंने बताया कि मधुमेह के रोगियों में मोतियाबिंद का ऑपरेशन सामान्य रोगियों की तुलना में अधिक चुनौतीपूर्ण होता है। उन्होंने आधुनिक सर्जिकल तकनीकों और इंट्राओकुलर लेंस (IOL) के चयन में बरती जाने वाली सावधानियों पर विस्तृत चर्चा की, जिससे सर्जरी के बाद संक्रमण का खतरा कम हो और दृष्टि में अधिकतम सुधार हो सके। इसी सत्र में, डॉ. सुनीता गुप्ता ने “नेत्र शल्य चिकित्सा में मधुमेह प्रबंधन” (Diabetes Management in Eye Surgery) विषय पर अपना वक्तव्य दिया। उन्होंने सर्जरी के दौरान ‘पेरी-ऑपरेटिव शुगर कंट्रोल’ (Peri-operative Sugar Control) के महत्व को रेखांकित किया। डॉ. सुनीता ने जोर देकर कहा कि सर्जरी की सफलता केवल ऑपरेशन थिएटर तक सीमित नहीं है, बल्कि मरीज के मेटाबॉलिक स्वास्थ्य और शुगर के सटीक प्रबंधन पर भी निर्भर करती है। सम्मान और उपलब्धि: बिहार के वरिष्ठ नेत्र रोग विशेषज्ञों और “स्टालवार्ट्स ऑफ ऑप्तेल्मोलॉजी” द्वारा नेशनल गेस्ट फैकल्टी के रूप में यह सम्मान प्राप्त करना गर्व का विषय है। इस अवसर पर डॉ. राजन गुप्ता ने कहा, “BOSCON 2025 जैसे प्रतिष्ठित मंच पर ज्ञान साझा करना और बिहार के चिकित्सा समुदाय से जुड़ना एक सुखद अनुभव रहा। वैज्ञानिक सत्रों का स्तर अत्यंत उच्च था, और हम आयोजकों के शानदार आतिथ्य के लिए आभारी हैं।
नशा समाज के लिए सबसे बड़ा खतरा, मिलकर करना होगा इसका अंत : प्रदेशाध्यक्ष अजायब सिंह
नशे के खिलाफ बड़ा संदेश: अनुभवी स्वास्थ्य मित्र ट्रस्ट का समाज को जागरूक करने का संकल्प”टोहाना।अनुभवी स्वास्थ्य मित्र चैरिटेबल ट्रस्ट हरियाणा (रजि.) की मासिक बैठक श्री गुरु रविदास धर्मशाला, रतिया रोड टोहाना में ट्रस्ट के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. अजयब सिंह फतेहपुरी की अध्यक्षता में सफलतापूर्वक आयोजित की गई।भीषण ठंड की परवाह न करते हुए भारी तादाद में सदस्यों ने भाग लिया मीटिंग हॉल खचाखच भरा हुआ था बैठक का संचालन ट्रस्ट के प्रदेश प्रेस प्रवक्ता डॉ. रघुबीर जांगड़ा ने बखूबी किया। इस अवसर पर प्रदेश अध्यक्ष डॉ. अजयब सिंह फतेहपुरी ने समाज में तेजी से फैल रहे नशे और अन्य सामाजिक बुराइयों पर कड़ा प्रहार करते हुए कहा कि नशा आज समाज के लिए एक गंभीर चुनौती बन चुका है। उन्होंने सभी सामाजिक संगठनों, स्वास्थ्य कर्मियों और युवाओं से आह्वान किया कि हम सभी को मिलकर नशे रूपी दानव को समाज से जड़ से समाप्त करना होगा, तभी एक स्वस्थ और सशक्त समाज का निर्माण संभव है। बैठक में मुख्य अतिथि के रूप में सहारा हॉस्पिटल हिसार के वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. अमित जैन (डीएम गैस्ट्रो) विशेष रूप से उपस्थित रहे। उन्होंने अपने संबोधन में मौसम के अनुसार होने वाली बीमारियों तथा पेट से संबंधित रोगों की विस्तृत जानकारी दी तथा सहारा हॉस्पिटल हिसार की आधुनिक चिकित्सा सुविधाओं पर प्रकाश डाला। बैठक में ट्रस्ट के सचिव एवं टोहाना ब्लॉक अध्यक्ष डॉ. गुरदीप सिंह ढिल्लों, प्रदेश उपाध्यक्ष डॉ. बलवान सैनी, प्रदेश कार्यकारिणी सलाहकार डॉ. जगमोहन अरोड़ा, जिला सचिव डॉ. संदीप खान, ब्लॉक प्रधान डॉ. सुल्तान भोडिया खेड़ा, मेट्रो इंस्टिट्यूट नरवाना के डायरेक्टर डॉ. सुनील कुमार, प्रदेश कोषाध्यक्ष डॉ. विनोद मर्याद, जिला उपप्रधान डॉ. महावीर धारसूल, भूना ब्लॉक प्रधान डॉ. राम सिंह बुचान, उकलाना ब्लॉक प्रधान डॉ. जौरा सिंह सैंगण, ब्लॉक सचिव डॉ. रमणदीप ढेर, डॉ. सतनाम शकरपुरा, डॉ. जगदीश अमानी, डॉ. पवन पुथला, डॉ. संजीव भाटिया लोहा, डॉ. रघुबीर धारसूल, डॉ. सुखविंदर तलवाड़ी, डॉ. राजपाल बलियाली, डॉ. सुरेंद्र अंकोली सहित अनेक पदाधिकारी व कार्यकर्ता उपस्थित रहे। कार्यक्रम के दौरान ट्रस्ट की ओर से डॉ. अमित जैन एवं पीआरओ राकेश शर्मा को स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया। इसके अतिरिक्त श्री गुरु तेग बहादुर साहिब जी की 350वीं शहादत शताब्दी के अवसर पर गुरुद्वारा श्री धमधन साहिब (जींद) में आयोजित तीन दिवसीय प्राथमिक सेवा कैंप में उत्कृष्ट सेवाएं देने वाले ट्रस्ट सदस्यों को गोल्ड, सिल्वर एवं ब्रॉन्ज मेडल देकर सम्मानित किया गया। बैठक में सामाजिक सेवा, स्वास्थ्य जागरूकता तथा नशा मुक्ति अभियान को और अधिक प्रभावी बनाने पर विस्तार से चर्चा की गई तथा संगठन को और मजबूत बनाने का संकल्प लिया गया।